कुछ बाते जीवन की

रोये भी तभी जब ये आपको ताकत दे

जीवन की हरेक छोटी बड़ी चीज कीमती हैं

बेबात, बेमतलब

रोना भी वक्त की फ़िज़ूलख़र्ची हैं

जबकि हमारे पास बस इक सीमित मात्रा में समय सीमा हैं

जीवन में कभी किसी चीज की फ़िज़ूलख़र्ची

ना हो

ध्यान रहे।

जीवन की सीख

मैंने पुराने को जाने दिया हैं

दुख दर्द

हिसाब किताब

उन तमाम बातों को

जो मन में उलझन पैदा करती हैं

मेरे आज के लिए

मेरे खुद के लिए

खुश रहना इक अलग खुशी देता हैं

इक उमंग भी

जिसमें कोई फ्रिक नही

कि आप कब जीवन छोड़ रहे हो

बस आखिरी सांस तक जीना हैं

हरेक चीज को मान के

स्वीकार करके

खुश रह के

फिर ये जीवन उत्तम और सार्थक हैं

ज़िंदगी की चाहते

मैनें प्रेम को कभी पाना नही चाहा

बस दिल से चाहा।

इसकी खूबसूरती को जिया।

खुश हूँ अब

खुद के साथ भी

किसी के भी साथ खुश रहने का जज़्बा लिये।

अहा! ज़िंदगी

जीवन के अधूरेपन में

मुझे पूर्णता नजर आती हैं,

जीवन ऐसा ही होता हैं

क्षणिक, और अधूरापन लिए

ये ही जीवन की खूबसूरती हैं

इक पल

इक पल जो हाथ से छूट गया

लौट के आ ना सकेगा

वो जो पीछे छूट गया

चलो

आगे की सुध लेते हैं

आज को मुकम्मल करते हैं

आज को कुछ इस तरह से जीते हैं

आत्म-प्रेम

मैं खुद से किसी नन्हे बालक सी मोहब्बत करता हूँ

किसी गलती पर इक झिड़की भी

यकीन मानो ये सर्वोत्तम हैं

ज़िंदगी के पहर

ज़िंदगी के चारो पहर बीत रहे हैं

ज़िंदगी पल पल में जा रही हैं

हम जीते जा रहे हैं, आगे की सुध में

सब पीछे छोड़ते जा रहे हैं

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